भारत की नब्ज़India PulseThe live pulse of Indian politics

PoliticsDelhi

शाम की पल्स: अदालत में इंतज़ार, पुलिस की FIR और विपक्ष का लंबी लड़ाई का ऐलान

SIR के ख़िलाफ़ इंडिया गठबंधन की याचिका की खामियां दूर न होने से वह सुप्रीम कोर्ट की सूची में नहीं आई, दिल्ली पुलिस ने सोमवार के मार्च पर दो FIR दर्ज कीं और राहुल गांधी ने कहा कि आंदोलन जितना लंबा चलना होगा, चलेगा। शेयर बाज़ार ज़ोरदार बढ़त के साथ बंद हुआ।

पैन इंडिया पल्स डेस्कइन रिपोर्टों पर आधारित: ThePrint (PTI), Deccan Herald (PTI), The Tribune, National HeraldRead in English

मंगलवार का दिन किसी अदालती फ़ैसले के बिना ख़त्म हुआ, लेकिन हर पक्ष ने अपना मोर्चा और मज़बूत कर लिया। सुप्रीम कोर्ट में विपक्ष की याचिका पर सुनवाई नहीं हुई, दिल्ली पुलिस ने सोमवार के मार्च को लेकर क़ानूनी कार्रवाई शुरू की और शाम को विपक्ष ने साफ़ कहा कि वह लंबी लड़ाई की तैयारी में है।

दोपहर में जो सवाल हमने खुला छोड़ा था, पहले उसका जवाब। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के ख़िलाफ़ इंडिया गठबंधन की याचिका मंगलवार को सूचीबद्ध नहीं हुई, क्योंकि रजिस्ट्री की बताई 14 खामियां अब तक दूर नहीं की गई हैं। पीटीआई के हवाले से दि प्रिंट और डेक्कन हेराल्ड ने यह ख़बर दी। एक पत्रकार की याचिका का ज़िक्र करने पहुंचे वरिष्ठ वकील गोपाल शंकरनारायणन से मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा कि खामियां दूर होते ही ये सभी मामले सूचीबद्ध कर दिए जाएंगे। यानी अब सुनवाई की तारीख़ याचिकाकर्ताओं के अपने काग़ज़ों पर टिकी है। राहुल गांधी और दस अन्य नेताओं की इस याचिका में SIR पर अंतरिम रोक और किसी सेवानिवृत्त जज की निगरानी में नाम काटे जाने की जांच की मांग है।

इसी रिपोर्ट के मुताबिक़ मुख्य न्यायाधीश पहले ही राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे से इस मुद्दे पर मिलने से इनकार कर चुके हैं। उन्होंने लिखा था कि अदालत में लंबित मामले पर ऐसी मुलाक़ात न्यायिक मर्यादा के अनुरूप नहीं होगी। अदालत का संदेश एक जैसा है: सुनवाई होगी, पर सही ढंग से दाख़िल याचिका के ज़रिए ही।

दोपहर तक जो ख़बर हमारी पल्स में नहीं थी: दिल्ली पुलिस ने सोमवार के 'मार्च फ़ॉर डेमोक्रेसी' पर बाराखंभा रोड और तिलक मार्ग थानों में दो FIR दर्ज की हैं, द ट्रिब्यून और नेशनल हेराल्ड ने बताया। पुलिस का कहना है कि मार्च की अनुमति नहीं थी और उसका आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने एक मिनी ट्रक से बैरिकेड तोड़े। ट्रिब्यून के अनुसार सुप्रीम कोर्ट परिसर में घुसे प्रदर्शनकारियों से जुड़ी तिलक मार्ग की FIR में राहुल गांधी समेत इंडिया गठबंधन के नेताओं के नाम हैं। नेशनल हेराल्ड ने लिखा कि नाम और लगाई गई धाराएं तुरंत पता नहीं चल सकीं। FIR पर कांग्रेस की कोई प्रतिक्रिया हमें नहीं मिली।

राहुल गांधी ने जवाब अपने अंदाज़ में दिया। अपने आवास पर विपक्षी नेताओं, सांसदों, छात्र संगठनों और नागरिक समूहों के साथ चाय बैठक के बाद उन्होंने कहा कि यह संघर्ष छह महीने, एक साल या दो साल, जितना भी चले, जारी रहेगा। ट्रिब्यून के मुताबिक़ उन्होंने प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और मुख्य चुनाव आयुक्त पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमज़ोर करने का आरोप लगाया। दैनिक जागरण के अनुसार उन्होंने विपक्ष का अगला क़दम 'सरप्राइज़' बताकर उसे गुप्त रखा। तेजस्वी यादव, सुप्रिया सुले, डी. राजा और एम.ए. बेबी ने भी आयोग पर निशाना साधा, जबकि तृणमूल सांसद सागरिका घोष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग दोहराई।

सड़क पर भी हलचल रही। सुबह कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका गेट फांदकर जंतर-मंतर में घुसे, जिसे पुलिस रविवार को धरना स्थल की सूची से हटा चुकी है। तिरंगा लहराते हुए उन्हें हिरासत में ले लिया गया, इंडिया टुडे एनई ने बताया। अल जज़ीरा के मुताबिक़ क़रीब 20 कार्यकर्ता हिरासत में लिए गए और पुलिस ने उसके सवालों का तुरंत जवाब नहीं दिया।

सुबह से खुले दो सवाल अब भी खुले हैं। चुनाव आयोग या ज्ञानेश कुमार की ओर से इस्तीफ़े की मांग पर कोई बयान हमें नहीं मिला, न ही शाम की प्रेस कॉन्फ़्रेंस पर भाजपा की कोई ताज़ा प्रतिक्रिया। तीन नए धरना स्थलों के नियम भी जारी नहीं हुए हैं। मेट्रो पाबंदियों पर अवमानना का मामला गुरुवार को फिर सुना जाएगा।

बाज़ार की तस्वीर बिल्कुल अलग रही। बिज़नेस स्टैंडर्ड के अनुसार सेंसेक्स 1,109 अंक यानी 1.54% चढ़कर 73,033.78 पर और निफ़्टी 358.60 अंक बढ़कर 22,721.95 पर बंद हुआ। आईटी शेयरों में एचसीएलटेक और टीसीएस आगे रहे और द फ़ेडरल के मुताबिक़ निफ़्टी आईटी ने मई 2025 के बाद की सबसे बड़ी एकदिनी छलांग लगाई। निवेशकों ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की बात में भी उम्मीद देखी। ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फ़ोरम में उन्होंने कहा कि बजट की तैयारी अभी शुरू ही हुई है, इसलिए यह कहना जल्दबाज़ी होगी कि लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स टैक्स या सिक्योरिटीज़ ट्रांज़ैक्शन टैक्स पर क्या विचार होगा, हालांकि सरकार बाज़ार की राय सुनेगी।

पल्स की राय

पल्स डेस्क का विश्लेषण

आज की तस्वीर यह है कि सरकार राजनीति का जवाब प्रक्रिया से दे रही है और विपक्ष प्रक्रिया का जवाब राजनीति से। FIR, धरना स्थल की अधिसूचना रद्द होना और रजिस्ट्री की जांच, काग़ज़ पर सब सामान्य हैं, लेकिन मिलकर ये विपक्ष को बताते हैं कि जवाब नियमों से मिलेगा, बयानों से नहीं। राहुल गांधी का 'दो साल' वाला बयान इसी का पलटवार है: लंबी लड़ाई से चुनाव आयोग सुर्ख़ियों में बना रहेगा। विपक्ष के लिए ख़तरा भी साफ़ है। जो आंदोलन अपनी याचिका की 14 खामियां दूर नहीं कर पाया, उस पर यह आरोप लग सकता है कि उसे अदालत से ज़्यादा सड़क पसंद है।

सरकार के लिए जोखिम कुछ धीमा है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष के नाम वाली FIR दबाव जैसी दिख सकती है और एक प्रक्रियात्मक मामले को राजनीतिक बना सकती है। आयोग की लगातार चुप्पी गंभीर आरोपों को, चाहे उनमें जितना दम हो, सार्वजनिक रूप से अनुत्तरित छोड़ देती है। उधर टैक्स के संकेत पर 1,100 अंकों की छलांग दिखाती है कि इस हफ़्ते बाज़ार का भारत और आंदोलन का भारत कितने अलग चल रहे हैं।

अगर चुनाव आयोग कल सार्वजनिक रूप से बोले, तो क्या विवाद ठंडा होगा या दोनों पक्षों को लड़ने के लिए बस एक नया बयान मिल जाएगा?

किसने क्या कहा

We will list all these matters. Make sure that the defects are cured.

सूर्यकांत, भारत के मुख्य न्यायाधीश, ThePrint (PTI)

Whether it takes six months, a year or two years, we will keep going until we reach our goal.

राहुल गांधी, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष, The Tribune

There is one singular protest, and the protest has one mission: restoration of democracy in India.

राहुल गांधी, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष, The Daily Jagran

Who is the home minister to snatch Jantar Mantar from us? Jantar Mantar is a designated protest site.

सौरव दास, कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता, हिरासत के बाद, India Today NE

आगे किस पर नज़र रखें

  • गुरुवार, 15 अक्टूबर: मेट्रो पाबंदियों पर अवमानना मामले में केंद्र का हलफ़नामा और दिल्ली प्रदर्शन से जुड़ी सभी याचिकाओं पर सुनवाई।
  • इंडिया गठबंधन कब 14 खामियां दूर करता है और सुप्रीम कोर्ट SIR याचिका को कब सूचीबद्ध करता है।
  • क्या दिल्ली पुलिस FIR में नामित नेताओं को नोटिस या समन भेजती है, और कांग्रेस क्या जवाब देती है।
  • विपक्ष का अगला क़दम, जिसे राहुल गांधी ने गुप्त रखा, और तीन नए धरना स्थलों के नियम।
  • चुनाव आयोग या मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का कोई सार्वजनिक जवाब।

आपकी राय

क्या आप पल्स के विश्लेषण से सहमत हैं?

स्रोत

  1. EC-SIR issue: Rahul Gandhi's plea not listed for hearing in SC as defects yet to be cured ThePrint (PTI)
  2. EC-SIR row: Rahul Gandhi's plea not listed for hearing in Supreme Court as defects yet to be cured Deccan Herald (PTI)
  3. 2 FIRs over INDIA bloc's march to Supreme Court; Rahul Gandhi among those named The Tribune
  4. Delhi Police register two FIRs over Opposition's march to Supreme Court National Herald
  5. Rahul Gandhi vows to continue fight against EC Gyanesh Kumar, says 'resistance will continue' The Tribune
  6. INDIA Bloc Leaders Condemn Govt's Jantar Mantar Move, Rahul Gandhi Says 'Oppn's Next Action A Surprise' The Daily Jagran
  7. Delhi: Cockroach Janta Party leaders detained after entering Jantar Mantar, waving national flag India Today NE
  8. Police detain leaders of India's 'cockroach' movement at New Delhi protest Al Jazeera
  9. Stock Market Close: Sensex zooms 1,109 pts after FM's comments on LTCG, STT; Nifty ends at 22,722 Business Standard
  10. Sensex jumps 1,109 pts as Sitharaman's LTCG, STT remarks spark Budget hopes The Federal

Open live India Pulse